नई दिल्ली: मेरी प्रॉपर्टी का कितना टैक्स बनेगा ? अब लोगों को यह जानने के लिए प्रॉपर्टी टैक्स ऑफिसों के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। एमसीडी के प्रॉपर्टी टैक्स विभाग ने लोगों की इस परेशानी को दूर करने के लिए प्रॉपर्टी टैक्स कैलकुलेटर ऐप लॉन्च कर दिया है। कोई भी प्रॉपर्टी मालिक इस ऐप के जरिये बस एक क्लिक पर जान सकेगा कि एक साल का कितना प्रॉपर्टी टैक्स बन रहा है।
लोगों की कमजोरी का फायदा उठाते हैं दलाल
प्रॉपर्टी टैक्स विभाग प्रॉपर्टी टैक्स जमा करने की प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में लगातार काम कर रहा है। आम लोगों को यह पता ही नहीं होता कि उनकी प्रॉपर्टी पर कितना टैक्स बन रहा है। इसके लिए ज्यादातर लोग प्रॉपर्टी टैक्स विभाग के ऑफिसों में पहुंचते थे। लोगों को वहां से कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल पाता था। प्रॉपर्टी टैक्स विभाग में एक्टिव दलाल लोगों की इसी कमजोरी का फायदा उठाकर उन्हें अपने जाल में फंसा लेते थे।
सेटिंग से कम करवा देंगे टैक्स
दलाल लोगों को झांसा देते हैं कि उनकी प्रॉपर्टी टैक्स विभाग में सेटिंग है इसलिए वे उनका कम से कम टैक्स करवा देगा। इसके बदले में दलाल लोगों से अच्छी खासी रकम ऐंठ लेते थे। प्रॉपर्टी टैक्स विभाग के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि आए दिन इस तरह की शिकायतें मिल रही थीं। इसलिए इस समस्या को जड़ से खत्म करने की दिशा में काम शुरू किया गया। प्रॉपर्टी टैक्स विभाग की कई महीनों की कड़ी मेहनत के बाद प्रॉपर्टी टैक्स कैलकुलेटर ऐप बनकर तैयार हो पाया।
लोगों की कमजोरी का फायदा उठाते हैं दलाल
प्रॉपर्टी टैक्स विभाग प्रॉपर्टी टैक्स जमा करने की प्रक्रिया को आसान बनाने की दिशा में लगातार काम कर रहा है। आम लोगों को यह पता ही नहीं होता कि उनकी प्रॉपर्टी पर कितना टैक्स बन रहा है। इसके लिए ज्यादातर लोग प्रॉपर्टी टैक्स विभाग के ऑफिसों में पहुंचते थे। लोगों को वहां से कोई स्पष्ट जवाब नहीं मिल पाता था। प्रॉपर्टी टैक्स विभाग में एक्टिव दलाल लोगों की इसी कमजोरी का फायदा उठाकर उन्हें अपने जाल में फंसा लेते थे।
सेटिंग से कम करवा देंगे टैक्स
दलाल लोगों को झांसा देते हैं कि उनकी प्रॉपर्टी टैक्स विभाग में सेटिंग है इसलिए वे उनका कम से कम टैक्स करवा देगा। इसके बदले में दलाल लोगों से अच्छी खासी रकम ऐंठ लेते थे। प्रॉपर्टी टैक्स विभाग के एक सीनियर अधिकारी ने बताया कि आए दिन इस तरह की शिकायतें मिल रही थीं। इसलिए इस समस्या को जड़ से खत्म करने की दिशा में काम शुरू किया गया। प्रॉपर्टी टैक्स विभाग की कई महीनों की कड़ी मेहनत के बाद प्रॉपर्टी टैक्स कैलकुलेटर ऐप बनकर तैयार हो पाया।
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